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टाइप 2 डायबिटीज़ः घर पर ही आसानी से करें ये वर्कआउट

अगर आप यह सोचकर वर्कआउट करने से कतरा रहे हैं कि आपको जिम में नहीं उतरना है, तो चिंता न करें, क्योंकि अब बिना किसी डर के घर में ही वर्कआउट करके डायबिटीज़ को हराया जा सकता है। वैसे भी वर्कआउट डायबिटीज़ मैनेजमेंट योजना में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, लेकिन हम सभी जानते हैं कि हर किसी के लिए जिम जाना आसान व सुविधाजनक नहीं होता है।

इसके अलावा जिम में जाने का मतलब जेब से पैसे भी खर्च करना है। लिहाज़ा अगर घर में ही यह कार्य कर लिया जाए तो फिर इससे बेहतर कुछ नहीं हो सकता है। आइए इस लेख में हम घर पर किए जाने वाले वर्कआउट के बारे में विस्तार से जानते हैं।

वर्कआउट क्यों हैं ज़रूरी?

  • ब्लडप्रेशर को कम करता है
  • वज़न बढ़ने से रोकता है
  • हृदय रोगों के खतरे को कम करता है
  • तनाव को कम करता है
  • इंसुलिन के प्रति संवेदनशील कोशिकाओं का निर्माण करता है
  • रक्तप्रवाह में अतिरिक्त ग्लूकोज को जला देता है
  • गुर्दे की बीमारी, स्ट्रोक आदि जैसे खतरे को कम करता है
  • नींद की गुणवत्ता को बढ़ाता है

नीचे कुछ अभ्यास दिए जा रहे हैं जो निश्चित रूप से आपके काम आएंगे.

स्क्वायट्स: वर्कआउट का यह तरीका न केवल अद्भुत है बल्कि यह आपकी बॉडी की मांसपेशियों को भी मजबूत करता है। इसमें जांघें, कोर, ग्लूट्स, हैमस्ट्रिंग और एब्स शामिल हैं।

योग: योग शरीर में ऊर्जा का संचार करता है और मन को शांत करने में मदद करता है। योग का नियमित अभ्यास तनाव के स्तर को कम करने, गतिशीलता बढ़ाने, रक्तचाप को कम करने और समग्र कल्याण में सुधार करने में मदद कर सकता है।

प्रेस अप: यह तरीका कई मांसपेशियों के ग्रुप के लिए किया जाता है और कंधे के जोड़ों को मजबूत करता है।

प्लैंक्स: यह आपके कोर के लिए किए जाने वाले सबसे अच्छे व्यायामों में से एक है क्योंकि यह आपकी कमर को ठीक करने में मदद करता है। यह कसरत आपके पेट, पीठ और कोर को फायदा पहुंचा सकता है।

डांस: यह सबसे आसान वर्कआउट में से एक है। इसके लिए किसी तकनीक की आवश्यकता नहीं है। इसमें कुछ गलत और सही भी नहीं है। इसके लिए बस आपको अपना पसंदीदा म्यूजिक बजाना है और फिर शुरू हो जाना है।

ध्यान देने वाली बात है कि अगर आप टाइप 2डायबिटीज़ से जूझ रहे हैं तो आपके लिए केवल वर्कआउट करना पर्याप्त नहीं है। आप हेल्दी डाइट लें, समय पर दवाएं लें और अपने ब्लड शुगर लेवल पर नियमित निगरानी रखें। आप अपने ब्लड शुगर लेवल की रीडिंग के लिए बीटओ स्मार्टफोन ग्लूकोमीटर का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

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