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डायबिटीज और डिहाइड्रेशन का क्या संबंध है?

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डायबिटीज और डिहाइड्रेशन
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डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) डायबिटीज वाले व्यक्तियों को होने वाली आम समस्याओं में से एक है। इस ब्लॉग में, आप डायबिटीज और डिहाइड्रेशन के बारे में जानेंगे और साथ ही यह भी जानेगें कि हमारे लिए खुद को हाइड्रेटेड (शरीर में पानी की पर्याप्त मात्रा) रखना क्यों ज़रूरी है।

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आगे बढ़ने से पहले, सब से पहले आप यह सवाल अपने आप से पूछें, कि क्या आप पर्याप्त मात्रा पानी पी रहे हैं? क्या आप डायबिटीज और डिहाइड्रेशन का ख्याल रख रहे हैं? अगर आप इसका जवाब नहीं जानते हैं, तो नीचे दिये गए प्रशनों के जवाब देने की कोशिश करें:

  • क्या आप अक्सर थकान महसूस करते हैं?
  • क्या आप की यादाशत कमज़ोर हो रही है ?
  • क्या आप अक्सर चिडचिड़ा महसूस करते हैं?

अगर आपने इन में से किसी भी सवाल का जवाब हाँ में दिया है, तो इस बात की संभावना है कि आप अपने शरीर में डिहाइड्रेशन या पानी की कमी से पीड़ित हैं और आप इस से अनजान भी हैं।

हमारे लिए हाइड्रेटेड रहना ज़रूरी है, विशेष रूप से डायबिटीज वाले लोगों के लिए, जिन्हें हमेशा इस बात का ध्यान रखने की ज़रुरत है कि उन के शरीर में पानी की कमी बिल्कुल भी न हो।

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पानी डायबिटीक लोगों की कैसे मदद करता है?

डायबिटीज और डिहाइड्रेशन का रिश्ता ही ऐसा है चूँकि पानी खून में मौजूद शुगर की मात्रा को कम करने में मदद करता है, जिससे आपके लिए ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रण में बनाए रखना आसान हो जाता है।

जब हमारे खून के प्रवाह में ग्लूकोज का स्तर ज्यादा होता है, तो हमारी किडनी बची हुई शुगर को पेशाब के माध्यम से बाहर निकालने की कोशिश करती है। इससे डायबिटीक लोगों के शरीर में पानी की कमी हो सकती है। यही कारण है कि डायबिटीक लोगों को बार – बार पेशाब आना और ज्यादा प्यास लगती है। जब शरीर पेशाब के माध्यम से बढ़े हुए ग्लूकोज को बाहर निकालने की कोशिश करता है और खून में ग्लूकोज के स्तर को कम करता है, और ऐसे में पानी से खून को फिर से हाइड्रेट करने में मदद मिलती है, जिससे हमारी किडनी को राहत मिलती है।

डायबिटीज और डिहाइड्रेशन को ध्यान में रखते हुए यहां कुछ छोटे-छोटे सुझाव दिए गए हैं कि कैसे आप सही मात्रा में पानी का सेवन करें:

  • हमेशा रीयूसेबल (दोबारा इस्तेमाल करने वाली) पानी की बोतल साथ रखें। 
  • अपनी पानी की बोतल को अपना सबसे अच्छा दोस्त बना लें और इसके बिना कहीं न जाएं। 
  • आप नियमित रूप से पानी पियें और जानें कि आप दिन भर में कितना पानी पी रहें है।

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खुद को याद दिलाने के लिए किसी ऐप का इस्तेमाल करें

तकनीकी के इस दौर में डिजिटल बाजार में ऐसे ढेर सरे ऐप्स उपलब्ध है जो फ्री में इस्तेमाल किये जा सकते हैं। इन ऐप की मदद से आप पानी पिने के अपने लक्ष्य को आसानी से प्राप्त कर सकते हैं। आप इन ऐप की मदद से रिमाइंडर और अलर्ट लगा सकते हैं जो समय- समय पर आपको यह याद दिलाता रहेगा की आपके पानी पिने का समय हो गया है। साथ ही आप लगातार अपना शुगर लेवल भी चेक करते रहें ताकि आप शुगर लेवल में होने वाले परिवर्तन को देख सकें। 

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इसे एक आदत बनाएं

  • अपनी दिनचर्या के हर हिस्से में पानी पीने की आदत शामिल करें, जैसे कि जब भी आप सोशल मीडिया खोलें तो पानी पी लें।
  • जब भी आप स्नेक्स खाना चाहें तो पानी पिएं। 
  • जब भी आप अपने ब्लड शुगर लेवल की जांच करें, तो पानी पियें। 

नोट: जो काम आप अक्सर, हर दिन करते हैं, उनके साथ पानी पीना शामिल करें।

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डायबिटीज में हम को दिन भर में कितना पानी पीना चाहिये ?

डायबिटीज की समस्या में, महिला और पुरुष के शरीर की पानी की ज़रूरत में अंतर होता है। महिलाओं की तुलना पुरुषों के शरीर में पानी की ज़रुरत ज्यादा होती है, क्योंकि –

  • पुरुषों का महिलाओं की तुलना बीएमए (बॉडी मास इंडेक्स) ज्यादा होता है।
  • महिलाओं की तुलना पुरुषों की शारीरिक गतिविधि में अंतर होता है।

तो, जिन महिलाओं को डायबिटीज है, उन्हें दिन में 1.5 लीटर से 2 लीटर पानी, यानि 6 से 7 ग्लास पानी पीना चाहिए, और पुरुषों को दिन में 2 से 2.5 लीटर तक पानी पीना चाहिये, यानि लगभग 8 से 9 ग्लास पानी। जिन मरीज़ों को पेशाब में एलर्जी की समस्या होती है, वह इस मात्रा को ढाई से तीन लीटर भी बढ़ा सकते है। 

यहाँ पर ध्यान रखने वाली बात यह है, कि जिन लोगों को इस्चिमिक मायोपेथी या डाईलेटेड कार्डोंमायोपेथी (हृदय की रक्त को ठीक से पंप करने की कम क्षमता) होती है, तो ऐसे में मरीज़ के इजेक्शन फ़्रेकशन (आप का हृदय रक्त को किस प्रकार पम्प करता है) के अनुसार उन के पानी पीने की मात्रा को तय किया जाता है, जो कि 1, 1.2, या 1.5 लीटर हो सकता है। 

ध्यान दें, कि टाइप 2 डायबिटीज और डिहाइड्रेशन, हाई ब्लड प्रेशर वाले मरीज़ या जिन का दिल कमज़ोर होता है उनके लिए खतरनाक हो सकता है, उन्हें डॉक्टरी सलाह के अनुसार 1 से 1.5 लीटर तक पानी पीने की सलाह दी जा सकती है, जिससे उनके शरीर में पानी जमा होने की संभावना कम हो जाती है। 

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कुछ उपाय आज़माएँ

  • सादा पानी पीना उबाऊ हो सकता है, इसलिए कुछ अच्छे बदलाव के साथ अपनी पानी पीने की आदत को बढ़ाये। 
  • ज्यादा पानी पिने को ताज़गी भरा और दिलचस्प बनाने के लिए अपने गिलास या बोतल में फल या जड़ी-बूटियाँ मिलाएँ। 
  • आप नींबू या खीरे के टुकड़े भी पानी में डाल कर पी सकते हैं।
  • इसी तरह, पानी की बोतल में पुदीना या तुलसी की टहनी डालें और इसे रात भर के लिए छोड़ दें ताकि इसमें ताज़गी भरा स्वाद आ जाए। कोशिश करें और इसे आज़माए। 

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डिस्क्लेमर: इस लेख में बताई गयी जानकारी सामान्य और सार्वजनिक स्रोतों से ली गई है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा सुझाव या सलाह नहीं है। अधिक और विस्तृत जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने डॉक्टर से परामर्श लें। BeatoApp इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

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Jyoti Arya

Jyoti Arya

एक पेशेवर आर्टिकल राइटर के रूप में, ज्योति एक जिज्ञासु और स्व-प्रेरित कहानीकार हैं। इनका अनुभव चर्चा-योग्य फीचर लेख, ब्लॉग, समीक्षा आर्टिकल , ऑडियो पुस्तकें और हेल्थ आर्टिकल लिखने में काफ़ी पहले से है ।ज्योति अक्सर अपने विचारों को काग़ज़ पे लाने और सम्मोहक लेख तैयार करने में व्यस्त रहती हैं, और पढ़को को मंत्रमुग्ध करें देती हैं।

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